उत्तराखंड की उभरती लोक गायिका रीना की कुमाऊंनी एलबम “हुड़की बाजली” ने मचाया धमाल– देखें जबरदस्त (VIDEO)
पहाड़ में प्रतिभाओं की कमी नहीं है बस उनको मंच में लेने की जरूरत है ।प्रतिभा तो कुदरत की बख्शीश है और उसी अनुरूप व्यक्ति उसी दिशा में कदम रखता है और मौका मिलते ही अपनी प्रतिभा का प्रदर्शनम कर नाम रोशन कर जाता है, भले क्षेत्र कोई भी हो।
ऐसा ही प्रतिभा लेकर बागेश्वर जिले के दूरस्थ गांव के गरीब व सामान्य परिवार से ताल्लुक रखने वाली रीना मेहता इन दिनों आगे आ रही हैं।
जो सुरीली आवाज में कुमाऊंनी में के माध्यम से नवोदित कलाकार के रूप में उभर रही हैं और इस उनके मधुर कंठ से गाए गए कुछ गीत लोग रुचि से सुन रहे हैं। रीना की गायकी की धुन से फेसबुक पेज व यू ट्यूब चैनल में उसके गाने हजारों लोग सुन रहे हैं। रीना का कुमाऊनी लोकगीत हुड़की बाजली यूट्यूब पर इन दिनों धमाल मचा रहा है।
, पहाड़ में हर क्षेत्र की प्रतिभाएं अनेक हैं, मगर कुछ ही आगे आकर प्रतिभा का प्रदर्शन कर पाते हैं। इसकी वजह है कि सुविधाओं व संसाधनों की कमी। ऐसा ही कुछ रीना मेहता के साथ हुआ है। जिसका कंठ सुरीला है और वह बचपन से गायन में रुचि रखती है, किंतु दूर गांव में मंच व सुख-सुविधा के अभाव में उसकी रुचि दबकर ही रह गई। जो अब मौका मिलने पर फिर उभर रही है।

रीना का अनुसार शुरू से ही कुमाऊंनी गायन व नृत्य का शौक रहा है। जब स्कूल के दिनों
उसे कहीं स्थानीय स्तर पर गायन व नृत्य का मौका मिलता, तो वह आगे रहा करती थी, फिर चाहे वह स्कूल के कार्यक्रम हों, गांव में रामलीला हो या फिर स्थानीय मेला ।
मगर तब ग्रामीण परवरिश के चलते रीना दूर जाकर मंच नहीं पा सकी। जब कहीं उसे मंच नहीं मिलता, तो वह जंगल में मवेशियों के ग्वाले के दौरान ही गुनगुना कर अपनी रूचि को शांत कर लेती थी।
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