Uttarakhand: नई शिक्षा नीति अभिभावकों पर पड़ रही है भारी, 6 साल से कम उम्र है तो कक्षा एक में नहीं होगी ऐडमिशन
हल्द्वानी: अगर आपके बच्चे की उम्र 6 साल से कम है तो आपके बच्चे का एडमिशन कक्षा 1 में नहीं होगा. केंद्र सरकार द्वारा जारी किए गए नए शिक्षा नीति के तहत कक्षा 1 में प्रवेश करने वाले बच्चों को की उम्र 6 होना अनिवार्य है. यह नहीं पुराने शिक्षा नीति के तहत बच्चों की एडमिशन की उम्र 5 वर्ष थी लेकिन अब केंद्र सरकार के शासनादेश के बाद अब अभिभावकों को परेशानी उठानी पड़ रही है.
नई शिक्षा नीति के तहत आपके बच्चे ने अगर UKG की पढ़ाई पूरी ली है उसके बाद अगर बच्चे को कक्षा 1 में प्रवेश दिलाने जा रहे हैं तो उसकी उम्र 5 वर्ष 12 महीने से अगर एक दिन भी काम रहा तो उसका एडमिशन कक्षा 1 में नहीं होगा.
नई शिक्षा नीति के तहत अब अभिभावक काफी परेशान हो रहे हैं क्योंकि बहुत से बच्चे ऐसे हैं जिन्होंने UKG की शिक्षा प्राप्त कर ली है और उन बच्चों की उम्र 6 वर्ष से कम है. जहां नई शिक्षा नीति के तहत सरकारी और निजी स्कूल बच्चों को एडमिशन करने से मना कर रहे हैं ऐसे में बहुत से अभिभावक अपने बच्चों को 1 साल घर बैठने के लिए मजबूर होंगे.
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि ने छह वर्ष पूरी करने वाले बच्चों को ही कक्षा एक में दाखिला दिए जाने के संबंध में शासनादेश जारी हुआ था इस कारण कई बच्चे कक्षा एक में प्रवेश नहीं ले पा रहे हैं इस संबंध में शासन से नियमों में छूट दिए जाने के लिए पत्र भेजा गया है.
शासन से आदेश आने के बाद ही 6 साल से कम उम्र के बच्चों का एडमिशन होगा.
जिला मंत्री,प्राथमिक शिक्षक संघ डिकर सिंह पडियार, ने बताया कि नैनीताल जनपद में हर वर्ष करीब सरकारी और निजी स्कूलों में 20 हजार बच्चों का कक्षा 1 में प्रवेश होता है लेकिन शिक्षा नीति के तहत अधिकतर स्कूलों में बच्चों के एडमिशन नहीं हो पा रहे हैं और कक्षा एक की सभी सीटे पड़ी हुई है.
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